बेतिया मे जनवरी के आखिर मे खे म यू का प्रांतीय सम्मेलन होगा।

   


        बेतिया, 21 नवंबर।     बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन का सातवां प्रांतीय सम्मेलन 28 , 29 जनवरी को बेतिया में होगा । सम्मेलन की तैयारी के लिए 91 सदस्यीय स्वागत समिति बनाई गई ।जिसके अध्यक्ष चांदसी प्रसाद यादव तथा महासचिव प्रभुनाथ गुप्ता बनाए गए ।

           इस अवसर पर बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन के अध्यक्ष देवेंद्र चौरसिया ने कहा कि आज देश की हालत बहुत ही खराब है । केंद्र की मोदी सरकार संविधान नहीं मानती ।जनता को मिले तमाम जनवादी अधिकार छीनी जा रही है । बेरोजगारों को रोजगार नहीं है और सबसे ज्यादा खेत मजदूरों की हालत अत्यंत ही दयनीय होती जा रही है । जबकि समाज के अति पिछड़े तथा दलित वर्ग के लोग ही खेत मजदूर का काम करते हैं । सरकार लंबी चौड़ी बातें करती है ।अंतिम व्यक्ति को ऊपर उठाना है।  उन्हें समृद्ध बनाना है । लेकिन सच्चाई तो यह की पिछली मनमोहन सिंह सरकार द्वारा प्राप्त मजदूरों के लिए मनरेगा कानून को भी यह सरकार समाप्त कर देना चाहती है । मनरेगा में मिलने वाले पैसे मैं लगातार कटौती की जा रही है तथा खेत मजदूरों के लिए कोई भी नई योजना नई बनाई जा रही है । यही हालत देश के किसानों का है । जो किसान और खेतिहर मजदूर  आज देश के लोगों को खाना देने का काम करता है । वही खेत मजदूर और किसान घाटे की खेती कर रहा है ।

        ऐसी गंभीर परिस्थिति में हमारा बिहार प्रांतीय खेतिहर मजदूर यूनियन का सतवा सम्मेलन  28 , 29 जनवरी को बेतिया में होने जा रहा है ।इस सम्मेलन में अखिल भारतीय खेत  मजदूर यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष तथा सांसद ए विजय राघवन , महासचिव बी बेंकट , संयुक्त सचिव तथा सांसद शिवदासन एवं संयुक्त सचिव बिक्रम सिंह शामिल होगें ।

          बैठक में म सैदुल्लाह , रामा यादव , हरेंद्र प्रसाद , जगरनाथ यादव , अजय यादव  , म वहीद , जैतून नेशा, प्रकाश वर्मा , म हनीफ सुशील श्रीवास्तव , नीरज बरनवाल, सुनील यादव , सदरे आलम  , मनोज कुशवाहा , शंकर कुमार राव , विजयनाथ तिवारी आदि ने अपने विचार रखे ।

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